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चेकितान

  • पाण्डव-पक्षका एक महारथी, जो वृष्णिवंशी यादव था और द्रौपदीके स्वयंवरमें गया था ( आदि० १८४ । ११; उद्योग० १७१ । १८; भीष्म० ८४ । २० ) ।
  • राजा युधिष्ठिरके मयनिर्मित सभामें प्रवेश करते समय ये भी उनकी सेवामें उपस्थित थे ( सभा० ४ । २० ) ।
  • इन्होंने युधिष्ठिरके राजसूययज्ञमें उपस्थित हो अभिषेकके समय उनके लिये तरकस भेंट किया था ( सभा० ५२ । १९ ) ।
  • प्रथम दिनके संग्राममें सुशर्माके साथ इनका द्वन्द्वयुद्ध ( भीष्म० ४५ । ६०—६२ ) ।
  • कृपाचार्यको मूर्छित करके स्वयं भी उनके द्वारा मूर्छित होना ( भीष्म० ८५ । ३१ ) ।
  • चित्रसेनके साथ द्वन्द्वयुद्ध ( भीष्म० ११० । ८—९; भीष्म० १११ । ५३—५५ ) ।
  • धृतराष्ट्रद्वारा इनकी वीरताका वर्णन ( द्रोण० १० । ५४ ) ।
  • अनुविन्दके साथ युद्ध ( द्रोण० १४ । ४८ ) ।
  • इनके घोड़ोंका वर्णन ( द्रोण० २३ । ४५ ) ।
  • द्रोणाचार्यद्वारा इनकी पराजय ( द्रोण० १२५ । ६८—७१ ) ।
  • दुर्योधनद्वारा इनका वध ( शल्य० १२ । ३१—३३ ) ।
  • व्यासजीके आवाहन करनेपर गङ्गाजीके जलसे ये भी प्रकट हुए थे ( आश्वमेध० ३३ । १३ ) ।
  • इनके दो नाम और मिलते हैं—सात्वत और वार्ष्णेय ।

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