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वामदेव

  • ( १ ) एक महर्षि, जो द्रौपदीके स्वयंवरमें गया था ( आदि० १८५ । २ ) ।
  • भीमसेनद्वारा इसका वध ( कर्ण० ८४ । २—६ ) ।
  • ( २ ) गरुडकी प्रमुख संतानोंमेंसे एक ( उद्योग० १०१ । १० ) ।
  • ( १ ) एक महर्षि, जो इन्द्रकी सभामें विराजते हैं ( सभा० ७ । १७ ) ।
  • इनका राजा शलको अपने वाम अघ देना ( वन० १९२ । ४३ ) ।
  • अश्वोंके न लौटानेपर इनका राजा शलका लोप और अन्तमें कृत्याजन्य राक्षसोंद्वारा राजाको नष्ट करना ( वन० १९२ । ४८—५९ ) ।
  • इनकी शलके छोटे भाई राजा दलसे बातचीत और अश्वोंको पुनः प्राप्त करना ( वन० १९२ । ६०—७२ ) ।
  • इनके द्वारा शान्तिदूत बनकर हस्तिनापुर जाते हुए श्री-
  • कृष्णकी परिक्रमा ( उद्योग० ८३ । २०-२८ ) ।
  • इनका महाराज वसुमानाको राजधर्मका उपदेश ( शान्ति० अध्याय १२ से १४ तक ) ।
  • ( २ ) उत्तर-दिग्विजयके अवसरपर अर्जुनने इन्हें अपने अधीन कर लिया था ( सभा० २७ । ११ ) ।

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